• लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी के आदेश का भी कर रहे अवहेलना
• दो वर्षों से भूमि परिमार्जन के लिए अंचल कार्यालय का चक्कर काट रहे है पीड़ित किसान
मधवापुर,मधुबनी।
मधुबनी जिले के माधवपुर अंचलाधिकारी ध्रुव कुमार के ऊपर एक किसान ने काम के एवज में एक लाख रुपये रिश्वत मांगने का गंभीर आरोप लगाया है। जबकि उक्त कार्य को करने का निर्देश लोक निवारण पदाधिकारी बेनीपट्टी से मिल चुका है। बावजूद अंचल कार्यालय का चक्कर काटते उक्त किसान का चप्पल घिस चुका है। इतना ही नही इस मामले को लेकर डीएम मधुबनी को भी आवेदन दिया जा चुका है। बाबजूद किसान का काम नही होना भ्रष्ट अधिकारी के कार्यशैली पर कई सवाल खड़े कर रहे है। दरअसल मधवापुर प्रखंड क्षेत्र के साहर गांव के बाड़ा टोल निवासी मोहम्मद इसराफिल करीब दो वर्ष पूर्व अपने एक बीघा तीन कट्ठा जमीन का परिमार्जन हेतु सीओ माधवपुर को आवेदन किया। और अपने काम को कराने हेतू अंचल कार्यालय का चक्कर काटते रहे। जब काम नही हुआ तो थक हार कर उन्होंने लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी को आवेदन दी। जहां से विधिवत प्रक्रिया के बाद जमीन को परिमार्जन करने का निर्देश अंचलाधिकारी को दिया गया। वहीं जब पीड़ित किसान सीओ से मिले तो सीआई से मिलने को कहा गया। इधर पीड़ित किसान का आरोप है कि जब सीआई से मिलने गये तो सीआई ध्रुव कुमार ने काम के एवज में एक लाख रुपये का डिमांड किया गया। और फिर अंचल कार्यालय का काम बिचौलियों के रूप में कर रहे स्थानीय कृष्णा यादव एवं शम्भू कुमार यादव से मिलने को कहा। फिर उन्होंने भी एक लाख रुपये देने के बाद ही काम होने की बात कही। गौरतलब है कि एक तरफ जहां सुशासन की सरकार में किसानों की समस्याओं को लेकर हर संभव मदद करने की दाबे पेस किए जा रहे है। वहीं दूसरी ओर सरकारी महकमों की भ्रष्टाचारी से किसान तबाह है। जहां बिना रिश्वत के कोई काम नही होता। अब देखना होगा कि इस मामले में डीएम मधुबनी क्या कार्रवाई करती है। और उक्त पीड़ित किसान का बिना रिश्वत दिए काम होता है या नही। इस संबंध में सीआई ध्रुव कुमार ने दुरभाष पर बताया कि लगाए गये सभी आरोप गलत है। हमने किसी से कोई रिश्वत का डिमांड नही किया है। वहीं सीओ रामकुमार पासवान ने बताया कि मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी। साथ ही उक्त किसान की समस्याओं का जल्द निष्पादन कर दिया जाएगा।
