हरलाखी, मधुबनी।
मधुबनी जिले के हरलाखी प्रखंड परिसर स्थित ई-किसान भवन में प्रखंड प्रमुख गोपाल दास की अध्यक्षता में उर्वरक निगरानी समिति की बैठक हुई। इस दौरान कई सदस्यों के द्वारा इंडो-नेपाल बॉर्डर के रास्ते खाद की कालाबाजारी पर रोक लगाने पर चर्चा की गयी। वहीं किसानों के बीच खाद को निर्धारित मूल्य पर बेचने तथा मानक के अनुरूप जवाबदेही तय करने पर जोर दिया गया।
इस दौरान बीएओ प्राण नाथ सिंह ने कहा कि किसानों के साथ किसी भी तरह की धोखाधड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने बैठक में मौजूद उर्वरक विक्रेताओं को कई अहम निर्देश देते हुए कहा कि प्रखंड के सभी उर्वरक विक्रेता पॉश मशीन के माध्यम से ही किसानों को खाद बेचना सुनिश्चित करेंगे। किसी प्रकार की लापरवाही करने पर कार्रवाई कर दी जाएगी। प्रखंड प्रमुख ने अपने संबोधन में कहा कि किसानों की समस्या को किसी भी तरह से नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। खाद दुकानों की समय समय पर औचक निरीक्षण जरूरी है। कही से किसी प्रकार की शिकायत मिली तो त्वरित कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में उर्वरकों को निर्धारित मूल्य पर बेचने, उर्वरकों की बिक्री में पारदर्शिता लाने, किसानों की समस्याओं के समाधान करने, खाद को पॉश मशीनों के माध्यम से ही बेचने समेत अन्य विन्दुओं पर विस्तार से चर्चा हुई।
इस बैठक में बीडीओ कृष्ण मुरारी, सीओ सौरभ कुमार, सदस्य के रूप में मदन चंद्र झा, रामचंद्र साह समेत विभिन्न दलों के जनप्रतिनिधि, कृषि समन्वयक, किसान सलाहकार समेत अन्य सदस्यों ने भाग लिया।
